
जिनेवा। संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद द्वारा नियुक्त स्वतंत्र विशेषज्ञों की एक टीम ने मंगलवार को जारी रिपोर्ट में कहा है कि इज़राइल गाजा में नरसंहार कर रहा है। टीम ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से इसे रोकने तथा दोषियों को दंडित करने की अपील की है।
तीन सदस्यीय टीम द्वारा तैयार की गई यह विस्तृत और दस्तावेज़ आधारित रिपोर्ट प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की सरकार पर अब तक के सबसे गंभीर आरोपों में शामिल है। गाजा में हमास के खिलाफ जारी इज़राइली अभियान में हजारों लोगों की मौत हो चुकी है।
इज़राइल ने इस रिपोर्ट को ‘‘तोड़ मरोड़ कर तैयार की गई झूठी रिपोर्ट’’ बताते हुए खारिज कर दिया है।
कब्जे वाले फलस्तीनी क्षेत्र और इज़राइल पर गठित ‘जांच आयोग’ ने रिपोर्ट में कहा कि उसने 7 अक्टूबर 2023 को हमास द्वारा इज़राइल में किए गए हमले के बाद से गाजा और अन्य फलस्तीनी क्षेत्रों में कथित मानवाधिकार उल्लंघनों का बार-बार दस्तावेजीकरण किया है।
कानूनी समीक्षा के बाद रिपोर्ट में कहा गया है कि इज़राइल ने 1948 में स्वीकृत अंतरराष्ट्रीय ‘‘जीनोसाइड कन्वेन्शन’’ के तहत परिभाषित पाँच में से चार ‘‘नरसंहारक कृत्य’’ किए हैं।
उनके आयोग ने निष्कर्ष निकाला कि नेतन्याहू के साथ-साथ इज़राइली राष्ट्रपति इसहाक हर्ज़ोग और पूर्व रक्षा मंत्री योआव गैलेंट ने नरसंहार के लिए उकसाया था। आयोग ने यह आकलन नहीं किया है कि क्या अन्य इज़राइली नेताओं ने भी ऐसा किया था।
इज़राइल के विदेश मंत्रालय ने मंगलवार को एक नाराज़ प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वह ‘‘तोड़ मरोड़ कर तैयार की गई झूठी रिपोर्ट’’ को सिरे से खारिज करता है।
